Saturday, July 24, 2010

महफूज अली और ऐसी हरकते करना बंद कर दीजिये, .....मिथिलेश दुबे




अब इसे क्या कहा जाये कायरता या डरपोक , खुद को तीस मारखा समझने वाले महफूज अली का ये बर्ताव ये बताता है की वे कितने पानी में हैं, जब देखो जिस पोस्ट में देखो बस एक ही बात कि वो लड़की ऐसी वो ऐसी, मैंने इतने लड़कियों के साथ सम्बन्ध बनाये और इतने के साथ अभी बना है, आशचर्य की बात तो ये है कि इनके ऐसे पोस्टो पर वे महिलाएं जाके खूब चटकारे लगा के कमेन्ट भी करती हैं जो अन्य ब्लॉग पर जाकर खुद नारी वादी बताती हैं, और उन्हें बड़ा मज़ा भी आता है, आखिर हो भी क्यूँ ना , (ऊपर कमेन्ट बॉक्स में मेरा कमेन्ट खुशदीप जी के कमेन्ट के ऊपर था जो की अब नहीं है तथा महफूज का वे चाट जिसमे वे मुझ्शे कमेन्ट के लिए कहते हुए )महफूज अली को तो वैसे भी लड़िकयों से सम्बन्ध बनाने में महारत हासिल है, सब लोग कहते हैं की उनकी शादी करवा दो जबकि सच्चाई ये है की वे तो पहले से शादीशुदा हैं . हाँ ये बात और है की वे अपनी चाटुकारिता से अपने समर्थको की संख्या बहुत बढ़ा चुके हैं इसलिए लोग बिना सोचे समझे उनकी बातों पर विस्वास भी कर लेते हैं, मै तो इसे अन्धता ही कहूँगा . ........


अब मैं मुद्दे पर आता हूँ , अभी कुछ दिनों पहले महफूज अली ने एक पोस्ट की मैंने अपने खोने का विज्ञापन अखबार में दे दिया है...: महफूज़-- जहाँ उन्हें बड़े-बड़े अच्छे कमेन्ट मिले इन सबके बीच मैंने उन्हें कुछ ऐसा कमेन्ट दे दिया जो उन्हें अच्छा नहीं लगा और उन्होंने मेरा वह कमेन्ट जो मैंने मेहनत से लिखा था, चूँकि ऑफिस में ज्यादा समय नहीं मिल पाने के कारन अब कमेन्ट देना मुश्किल होता है, फिर भी मैंने महफूज अली के कहने पर मैंने उनके ब्लॉग पर जाकर कमेन्ट दिया.......चूँकि उसमे उनकी चाटुकारिता नहीं थी इसलिए उन्होंने बिना मुझसे पूछे मेरा कमेन्ट डिलीट कर दिया, अब यहाँ जो सवाल खड़ा होता वह यह की क्या किसी का कमेन्ट मात्र इसलिए हटा देना की वह आपके पक्ष में नहीं है कितना जायज है, मै अपनी मर्जी से भी उनके ब्लॉग पर नहीं गया था, उनके कहने पर मै उनके ब्लॉग पर गया , और उन्होंने जो किया मै उससे आहत जरूर हुआ, लेकिन मुझसे चाटुकारिता नहीं हो पायेगी मै वही कहूँगा जो मुझे ठीक लगेगा , तो इसलिए मेरा कमेन्ट वापस करिए महफूज अली और ऐसी हरकते करना बंद कर दीजिये, .....

54 comments:

  1. मिथिलेश दूबे आप एक दम सही कह रहे हैं, महफूज़ के ब्लॉग पर जाकर महिला ब्लॉगरों की पोल खुल गयी है की वे सिर्फ (मात्र एक ही चीज़ की) आज़ादीचाहती हैं...

    रहा सवाल महफूज़ भाई की बाद में कुछ लिखूंगा.

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  2. POINT TO BE NOTED ME LORD !

    जब देखो जिस पोस्ट में देखो बस एक ही बात कि वो लड़की ऐसी वो ऐसी, मैंने इतने लड़कियों के साथ सम्बन्ध बनाये और इतने के साथ अभी बना है, आशचर्य की बात तो ये है कि इनके ऐसे पोस्टो पर वे महिलाएं जाके खूब चटकारे लगा के कमेन्ट भी करती हैं जो अन्य ब्लॉग पर जाकर खुद नारी वादी बताती हैं,

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  3. POIT TO BE NOTED ME LORD !

    जब देखो जिस पोस्ट में देखो बस एक ही बात कि वो लड़की ऐसी वो ऐसी, मैंने इतने लड़कियों के साथ सम्बन्ध बनाये और इतने के साथ अभी बना है, आशचर्य की बात तो ये है कि इनके ऐसे पोस्टो पर वे महिलाएं जाके खूब चटकारे लगा के कमेन्ट भी करती हैं जो अन्य ब्लॉग पर जाकर खुद नारी वादी बताती हैं

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  4. POIT TO BE NOTED ME LORD !

    जब देखो जिस पोस्ट में देखो बस एक ही बात कि वो लड़की ऐसी वो ऐसी, मैंने इतने लड़कियों के साथ सम्बन्ध बनाये और इतने के साथ अभी बना है, आशचर्य की बात तो ये है कि इनके ऐसे पोस्टो पर वे महिलाएं जाके खूब चटकारे लगा के कमेन्ट भी करती हैं जो अन्य ब्लॉग पर जाकर खुद नारी वादी बताती हैं

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  5. POIT TO BE NOTED ME LORD !

    जब देखो जिस पोस्ट में देखो बस एक ही बात कि वो लड़की ऐसी वो ऐसी, मैंने इतने लड़कियों के साथ सम्बन्ध बनाये और इतने के साथ अभी बना है, आशचर्य की बात तो ये है कि इनके ऐसे पोस्टो पर वे महिलाएं जाके खूब चटकारे लगा के कमेन्ट भी करती हैं जो अन्य ब्लॉग पर जाकर खुद नारी वादी बताती हैं

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  6. JAHA TAK MERA KHYAL HAI.. MEHFOOZ BHAI NE TO AAJ TAK KABHI COMMENT NAHI MAANGA..

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  7. AND ABOVE ALL ME LORD !

    चूँकि ऑफिस में ज्यादा समय नहीं मिल पाने के कारन अब कमेन्ट देना मुश्किल होता है, फिर भी मैंने महफूज अली के कहने पर मैंने उनके ब्लॉग पर जाकर कमेन्ट दिया.......चूँकि उसमे उनकी चाटुकारिता नहीं थी इसलिए उन्होंने बिना मुझसे पूछे मेरा कमेन्ट डिलीट कर दिया, अब यहाँ जो सवाल खड़ा होता वह यह की क्या किसी का कमेन्ट मात्र इसलिए हटा देना की वह आपके पक्ष में नहीं है कितना जायज है, मै अपनी मर्जी से भी उनके ब्लॉग पर नहीं गया था, उनके कहने पर मै उनके ब्लॉग पर गया , और उन्होंने जो किया मै उससे आहत जरूर हुआ, लेकिन मुझसे चाटुकारिता नहीं हो पायेगी मै वही कहूँगा जो मुझे ठीक लगेगा , तो इसलिए मेरा कमेन्ट वापस करिए महफूज अली और ऐसी हरकते करना बंद कर दीजिये

    i KNOW YOUR "DARD" MITHILESH DUBEY,BUT "KIYA KYA JA SAKTA HAI"

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  8. SANJAY JEE PLEASE SEE THE "CHITR" IN THIS POST...

    अब हम कुछ नहीं कहेंगे क्यूंकि अब तक ये चिटठा जगत पर हॉट लिस्ट में आ चुकी है! वो भी पोस्ट होने के 5 मिनट के अन्दर !!!

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  9. सुन्दर प्रस्तुति

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  10. saleem khan ji lagta hai aap ne sahi kaha...

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  11. mahfuj ki to pol khol di mithilesh bhai ne, sahram lagti hai mujhe to kisi se comment ke liye, likhte hain kuda aur cooment mangte phirte hain

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  12. पहले से शादीशुदा हैं .
    kya keh rahe ho mithlesh bhai......
    आशचर्य
    आशचर्य
    आशचर्य

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  13. mahfooj jaisa koi jutha to hai hee nahi es blogjagat me, sabse mayu-myua kar-kar comment mangta hai aur khub chatukarita bhi karta hai

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  14. bhai mithilesh hum aapke sath hain ab to eski pol khol hee do, suna hai ki mahfooj ki apne waife se banti nahi esiliye muh marta phirta hai

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  15. accha mujhe bhi kisi ne batya tha ki mahfooj ki shadi ho chuki hai aur han akrta bhi kuch nahi, jo kahte phirte hain ki mai pewakta hun sab juth ki baten hain aur banawati bhi hai

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  16. Anonymous ji
    aap sidhe labjo me bhi keh sakte ho...

    ye kaun si bahasha hai..
    muh marta firta hai

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  17. अब यहाँ जो सवाल खड़ा होता वह यह की क्या किसी का कमेन्ट मात्र इसलिए हटा देना की वह आपके पक्ष में नहीं है

    ye to galat hai.....

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  18. प्रिय मिथिलेश जी
    उन्होंने अपनी पोस्ट पर आपसे कमेन्ट मांगा इसमें कोई बुराई नहीं ! लेकिन उसके बाद , यदि कमेन्ट को डिलीट किया है तो सरासर अनुचित बात ! निश्चय ही उन्हें आपकी भावनाओं का सम्मान करना चाहिए था ,
    भले ही कमेन्ट असहमति का होता !

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  19. अभी तो ड्राप सीन बाकी है ...हैरानी मुझे भी होती है -मुझे आज तक समझ नहीं आया कि कुछ महिलाओं में क्या कोई जेनेटिक डिफेक्ट तो नहीं जो ऐसे ऐसे स्टीरिओटाइप को देखकर मचल मचल जाती हैं या वे ही नैसर्गिक हैं -चिर उर्वरायें ?

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  20. मिथिलेश, महफूज़ जी ने अगर तुम्हारा कमेन्ट डिलीट किया तो तुम्हारा नाराज़ होना जायज है, पर मुझे यह नहीं समझ में आता है कि कुछ दिनों पहले तो तुम्हारी बड़ी दोस्ती थी उनसे...मेरा तो उनसे परिचय ही तुम्हारे और अरविन्द जी के ब्लॉग पर उनकी टिप्पणियों से हुआ और अब ये अचानक क्या हो गया? ये अचानक से कोई दोस्त से दुश्मन कैसे बन जाता है ये मेरी समझ में नहीं आता.
    और दूसरी बात, तुम अपने और महफूज़ के बारे में बात करो दूसरों मुख्यतः औरतों को बीच में क्यों लाते हो?
    कहते तो लोग तुम्हें भी महिलाविरोधी हैं, पर मैं हमेशा तुम्हारी पोस्ट पर कमेन्ट करती हूँ तो क्या मैं भी महिलाविरोधी हो गयी?
    मुझे ये समझ में नहीं आता कि महफूज़ के ब्लॉग पर तो महिला और पुरुष दोनों के कमेन्ट होते हैं, पर तुम्हें औरतें ही ज्यादा क्यों दिखाई देती हैं?

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  21. @दुबे जी ,जवाब दीजिये ! एक बात स्पष्ट कर दूं -मिथिलेश महान की इस पोस्ट को देखकर मैं भी चौक गया -आज इनका यह किसा शहीदी जूनून है ? मिथिलेश आपसे बात किए मुझे महीने से ऊपर हो गये हैं -आपको मिलता हूँ तो नीशू नमूदार हो जाते हैं -मुझसे तुरंत बात कीजिये !
    मुक्ति ,यह एक आंकड़ा है की दूसरे अनेक ब्लॉग की तुलना में सेकेण्ड वर्ल्ड वहां अधिक जाता है -यह एक मनोवैज्ञानिक गुत्थी है -मिथिलेश ने केवल प्रेक्षण साझा किया है -नैतिकता /अनैतिकता ,उचित अनुचित एक विषम मुद्दा है -ध्नाय्भाग मुझे आपने कुछ नहीं कहा ..इस बार बख्श दिया -आभार :) !

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  22. @सेकेण्ड वर्ल्ड की जगह मुझे आधी दुनिया कहना था -सारी !

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  23. @ मुक्ति जी - "…मिथिलेश, महफूज़ जी ने अगर तुम्हारा कमेन्ट डिलीट किया तो तुम्हारा नाराज़ होना जायज है, पर मुझे यह नहीं समझ में आता है कि कुछ दिनों पहले तो तुम्हारी बड़ी दोस्ती थी उनसे...मेरा तो उनसे परिचय ही तुम्हारे और अरविन्द जी के ब्लॉग पर उनकी टिप्पणियों से हुआ और अब ये अचानक क्या हो गया?…"

    मिथिलेश जी की कोई गलती नहीं है, असल में यह एंग्री यंग मैन कुछ "गलत" लोगों की संगत में पड़ गया है… :) इस युवा में ऊर्जा है, यह विचारवान है, लेकिन ऐसा व्यवहार क्यों कर रहा है यह इसे जल्दी ही समझ में आ जायेगा।

    रही महफ़ूज़ की बात, तो कुछ "विशेष समूह" के लोग उसके ब्लॉग पर आने वाली टिप्पणियों की संख्या से आहत हैं, और जैसा कि आज अवधिया जी ने "चिठ्ठाजगत में पोस्ट को टॉप पर कैसे लायें" के सम्बन्ध में लिखा है, उसका नज़ारा मिथिलेश जी की इस पोस्ट में भी दिखाई दे गया।

    मिथिलेश जी को सलाह देने की मेरी हैसियत है या नहीं, कह नहीं सकता। सिर्फ़ इतना अनुनय करूंगा कि वे जल्द से जल्द अपने पुराने फ़ॉर्म में लौटें और सार्थक लिखें… महफ़ूज़ को उसके हाल पर छोड़ दें।

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  24. .
    .
    .

    चूँकि ऑफिस में ज्यादा समय नहीं मिल पाने के कारन अब कमेन्ट देना मुश्किल होता है, फिर भी मैंने महफूज अली के कहने पर मैंने उनके ब्लॉग पर जाकर कमेन्ट दिया.......

    अब कहने पर कमेंट दिया और महफूज अली ने मिटा दिया तो इतनी हायतौबा क्यों... आप या कोई और ब्लॉगर भी स्वयं को इतना सीरियसली क्यों लेता है मित्र... ठंड करो दोस्त... कुछ कालजयी रचने को नहीं आता कोई ब्लॉगवुड में... रही महिला ब्लॉगरों के महफूज अली की पोस्टों पर जा कमेंट देने की... तो इसमें आप को क्या... उनकी मर्जी... हर कोई अपनी मर्जी का मालिक है...

    अब वैसे मैं यह कमेंट तो दे रहा हूँ...पर अंदर से मुझे यह आभास सा हो रहा है कि यह पोस्ट भी तुमने महफूज अली के कहने पर ही लिखी है...

    Hats off to you Mahfooz !

    U R GR8 !

    & U 2 Mithilesh... ;)


    ...

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  25. मुक्ति जी नमस्कार
    जहाँ तक बात है दोस्ती और दुश्मनी की तो वो अपने जगह है , मै हमेशा कहता हूँ रिश्ते लेखनी के बाहर हों तो ज्यादा अच्छा होता है, अब रही बात महिलाओं की तो मै आपसे बता दूँ की जब महिलाये क्या पहने कैसे रहने , मै लिखता था तो उनपर सबसे ज्यादा विरोध आप लोगों का ही होता था , और आप लोगों ने मेरे विरोध भी किया । तब तक बात ठीक थी लेकिन जब महफूज अली ये कहते हैं की मुझसे सेक्स करने के बाद महिलाएं पूछती हैं की मेरा बदना कैसा था , तो उस पोस्ट को आप लोग बड़े मज़े से पढ़ती हैं और कहती की क्या लिखा है आपने , वे कहते हैं की मेरे बहुत से महिलाओं के साथ रिलेशन हैं तो आप नारी वादी महिलाएं ये नहीं कहती की ये तो महिलाओं के साथ दोखा है और उनका अपमान है , ये सब देखते हुए मैंने पोस्ट में महिलाओं की बात कही, चुकी महफूज अली ये कहते आये हैं की महिलाओं से मुझे बड़ा प्रेम है , तो साफ तौर पर मुझे देखने को भी मिल रहा है , बाकि जो आपको अच्छा लगे, और आपको बता दूँ मेरे पोस्ट का जवाब महफूज तो दे नहीं सकते कोई उनकी प्रेयसी ही इसका जवाब भी देगी , मेरा महफूज अली से मात्र यही पूछना है की उन्होंने मेरा कमेन्ट क्यूँ डिलीट किया बात ख़तम .....................

    सुरेश जी आपको भी नमस्कार
    अगर आपको ये लगता है की मेरा ये लेख उन्हें कमेन्ट मिलने की जलन से उपजा है तो ये बात गलत है, महफूज अली को चाहे जितना ही कमेन्ट मिल जाये मुझे उससे कोई फरक नहीं पड़ता........

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  26. mithilesh mai janta hun ki tumhare es tewar ka samna koi nahi kar sakta, to ue jhuthe mahfooj ali ki kya awkat hai, waise tum phaltu ke laphde me mai mat pado ye hain kon han............

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  27. ओछी ब्लॉगिंग की शानदार राजनीति के प्रथम में महूफूज और महिला ब्लोगर सम्बन्ध में आपका स्वागत है..........आपको यहाँ किसी महिला को कैसे पटाया जायेगा का पाठ जायेगा ....
    आने में कुछ देर हो गयी है पर अपनी बात तो कह कर ही जाऊंगा .........कोई कमेन्ट के लिए मैसेज करे और फिर उस कमेन्ट मिले ...लेकिन बात तब ख़राब होती है..जब मनमाफिक और चाटुकारिता भरी राय न हो ........ऐसे ही उसको डिलीट कर दिया जाता है.....कोई एक ऐसे महफूज नहीं बहुत सारे हैं .....जो धीरे धीरे सामने आते जायेगे ..........कोई ब्लोगर भाई हमेश सार्थकता की बात करते हैं ..करना भी जायज है.......पर सच्चे दिल से कहूँ तो कोई भी ऐसा नहीं करता ......कोई माने या न माने ..........और हाँ जो अपने को आधुनिक नारी या कहें प्रगतिशील समझती हैं वह उनका भ्रम मात्र है.........मैं किसी महिला से बदतमीजी करूँ और कोई अन्य महिला ही आकर कहें बहुत खूब ........बहुत अच्छा किया तो ये किस तरह से जायज होगा ........लेकिन होता यही है.......हाँ में हाँ मिलाने वाली महिला ब्लोगर भी कमेन्ट के चक्कर में जो रहती हैं .....वास्तविकता को देखकर दुःख होता हैं.....सभी एक दुसरे की पैंट उतरने में लगे हैं ............लेकिन ये नही पता है की दोनों को नंगा होना पद सकता है........और कोई भी अपनी जरा सी आलोचना सुनने को क्यूँ नहीं तैयार होता है.?....... आप लोगों का लार टपकाना कब बंद होगा .........और लड़की पटाओ या महिला या वेश्या इससे किसी को कोई मतलब नहीं लेकिन .........वाह वाह ...के चक्कर में किसी की भावना की ऐसी की तैसी क्यूँ करते हैं या करती हैं ........
    और हाँ हो सकता है की मेरी बात किसी को बुरी लगे पर जो कुछ सोचता हूँ .................लिख देता हूँ ..........

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  28. हमारे लिए तो ये बिल्कुल हैरान करने वाली खबर है कि महफूज जी शादीशुदा हैं....लोग तो यहाँ उनके लिए लडकी खोजने में लगे हैं :)

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  29. khushdeep mahfuj aur adaa sirf in teen jano ki jundali nein hi baloging ka maahol kharab kar rakha hai

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  30. Anonymouse ji Tumhari aukat kya hai. Mai yeha Canada mae 5 Million Dollar se kum ke project par hath bhi nahi lagati. Chahe to Pabala ji se confirm kar lo.
    Ha Nahi To.....

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  31. मिथिलेश भाई, मैं जानता हूं कि कमेण्ट मिलने या ना मिलने से आपको कोई फ़र्क नहीं पड़ता, लेकिन ऐसे बहुत से "समूह" हैं, जिन्हें फ़र्क पड़ता है… :) :)
    और कमेंट पाने (संख्या बढ़ाने) के लिये बड़े मजेदार कारनामे भी किये जा रहे हैं, जिन्हें सब समझने भी लगे हैं…
    ==========
    @ नीशू - :) :) और क्या कहूं

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  32. mithilesh

    aap ne jo jawaab mukti ko diyaa haen uska jawaab aap ko ada ki ek post par mil jayaegaa jahaan mefooz ne 200 ladkiyon sae sambandh ki baat ki haen aur maene aur ghughuti mam ne wahaan aaptti darj ki haen leki wahaan hamey kehaa gayaa haen ki mefooz dil kae bachchey haen aur yae sab kehnae mae unka koi maksad nahin haen

    us post kko khoj kar padhey jarur

    suman ne inkae kaments ki maansiktaa par naari blog par bhi psot diee haen aur masjeevi ne chittha charcha mae inkae bakwaas kaments ko taalibani bataaya haen

    aap log mahila blogger aur purush blogger kar kae kab tak kaments khangaaltey rahegae

    kament ko blogger kaa keh kar padhaegae

    haan mae yae jarur kahun chahtee hun ki yae
    bahi behan kae sambandh ko banaana band karey didi , jija , bahi behan ityadi sab ghar mae haen

    maene yahaan daekhaa haen ki ek mahila kae bhai bantey hi mehfooz jase log dusri mahila kae prati abhadra ho jaatey haen

    aur ant mae apni urjaa sakaratmak lagaaye kyun apnae talent ko waste kartey ahen

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  33. बेनामी व नामी टिप्‍पणीकर्ताओं के बीच मजेदार रही यह चर्चा, इसके सहारे बात दूर तलक जाती भी दिखी :)
    दुबे जी आपकी बातों का समर्थन सभी नें किया है. धन्‍यवाद अपने तेवर के अनुरूप तत्‍काल प्रतिक्रिया देने के लिए।

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  34. रचना , इक तुहारी कमी थी. महफूज़ को अच्चा बलि का बकरा बनाया है. ये मिथलेस को महफूज़ बहुत मानता था,. और महफूज़ के बारे में उल्टा सीधा लिखा है. महफूज़ ने जब तक इनके नारिवादिलेखों को सपोर्ट किया तब तक अच्चा था. और जब बंद कर दिया तो खराब हो गया. कोई यह बता दे की उस कमेन्ट के बाद उसने कभी कुछ लिखा. और वो कमेन्ट भी उससे लिखवाया गया था. और तुहारे विरोधी नेहि लिख्व्या था. अगर महफूज़ ने कमेन्ट डिलीट किया है तो मिथलेस ने ज़रूर कुछ ऐसा लिखा होगा. नही तो वो डिलीट नहीं करता. अगर मह्फूज्को कुछ कहना ही है तो उसको खुद कहा जा सकता था पोस्ट लिखने की क्या ज़रूरत थी. रही बात महफूज़ की शादी की तो एक नहीं कई लड़कियां ऐसी मिल जायेंगीं तो जो यह कहेंगीं की मैं महफूज़ की पत्नी हूँ. खुद महफूज़ इस दावे को दो बार झेल चूका है और अपने बाप से बहु तलात भी खाया था. देवरिया के सलेमपुर से एक विधायक थी उसने भी महफूज़ से शादी का दावा किया था जो की तीन बच्चों की माँ थी. फिर एक हिन्दू लाला लड़की थी जो की महफूज़ के लिए पागल हो गयी थी. ऐसे हि एक प्रीती तिवारी नाम कि लड़की थी जो कि गोरखपुर के माफिया कि भांजी थी . महफूज अपने पैसे , खूबसूरती और खानदान के बल पर . लेकिन कभी उसने किसी भी लड़की कि बेइजती नहीं कि . उसका नाम बहुत लोगों से जुड़ता है. और रोज जुड़ता है. लखनऊ के एक एम्.एल.सि. कि लड़की भी उसकी दीवानी थी. जो कि तलाकशुदा थी. तो बहुत मिल जाएँगी यह कहने वाली कि मई महफूज की पत्नी हूँ. अब खुद महफूज इस दावे को पुख्ता करता है तो इसमें गलत क्या है. अब जिसके पास पैसे के साथ खूबसूरती भी होगी और खानदान भी होगा तो उसका तो नाम उछलेगा हि. महफूज ने अपनी पढाई के बल पर अपनी हर बुरे को छिपा कर रखा हुआ है. समझ में नह इआता कि वो शांत क्यूँ है नहीं तो उसे किसी का बिगाड़ने में कोई समय नही लगता. उसके ऊपर अपहरण और मर्डर के मुक़दमे भी चल रहे हैं जिसमें एक मुक़दमे सि वो हाई कोर्ट से बरी हो गया है. और उसकी नोटिस दैनिक जागरण में भ आई थी. इस किस में उसे गोरखपुर में झूठा फंसाया गया तह. किन्तु फिर भी उससे सम्हाल कर रहने कि जरुरत है. अगर वो शांत है तो समझो कि कुछ गड़बड़ है. मैं आगाह करता हूँ कि कहीं भी आये जाएँ तो संभल कर महफूज के गुंडे हर शहर में हैं और कई माफियाओं से उसके सम्बन्ध है. वो आपाने पढाई से से बचा हुआ है. महफूज कि बहुत दीवानी हैं जो ये दावा करेंगीं कि वो उसकी गरल फ्रेंड हैं. बस यह आगाह करना चाहेंगे कि अगर यह पोस्ट लिखी है तो संभल कर रहें.. कहीं ऐसा न हो कि महफूज लाश हि गायब करवा दे. उ पढ़ा लिखा गुंडा है. सकल से नहीं लगता है.

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  35. यह लो एक नई तफ्री!!!!!!!!!!!!!!

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  36. यह लो एक नई तफ्री!!!!!!!!!!!!!!

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  37. यह लो एक नई तफ्री!!!!!!!!!!!!!!

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  38. यह लो एक नई तफ्री!!!!!!!!!!!!!!

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  39. यह लो एक नई तफ्री!!!!!!!!!!!!!!

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  40. यह लो एक नई तफ्री!!!!!!!!!!!!!!

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  41. @ मिथिलेश,
    कम से कम मैंने महफूज़ की उक्त विषय पर कोई प्रविष्टि नहीं पढ़ी है. इसलिए उस पर बात नहीं कर सकती. मेरा ये कहना था कि यदि कुछ औरतें किसी के ब्लॉग पर जाकर कुछ कमेन्ट करती हैं, तो आप ये नहीं कह सकते कि ब्लॉगजगत की नारियाँ ऐसी हैं या वैसी हैं.
    और एक बात, मैं यहाँ किसी के पक्ष या विपक्ष में नहीं बोल रही हूँ और ना मुझे ब्लॉगजगत की गुटबाजी में कोई रूचि है. मैं उस मानसिकता का विरोध कर रही हूँ, जिसमें किसी को बदनाम करने के लिए औरतों को बीच में लाया जाता है. ब्लॉगजगत की औरतें ना हो गयीं गोली-बन्दूक हो गयीं जो किसी पर ताना और चला दिया. कोई भी औरत चाहे वो ब्लॉगर हो या बाहर की अपना अच्छा-बुरा जानति है. औरतों को ऐसी बहुत सी बातें समाज में झेलनी पड़ती हैं, जो अगर बाहर आ जाएँ तो अच्छे-अच्छों की बोलती बंद हो जायेगी. पर फिर भी औरतें अपना भला-बुरा समझते हुए ही व्यवहार करती हैं. किसी और को कुछ सिखाने की ज़रूरत नहीं है.

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  42. @ mukti.

    mehfphuj ne esi koi post nhi likhi hai. ek baar kament diya tha aisa kuch ek banarsi lampat kii post par. wo banarsi lampat ne usse kaha tha. mehphuj pehle mohra tha ab mithilesh hai. yeh banarasi lampat ne mahila blogger ada aur vani ke baarey me bhi ulta seedha bola hai. or ganda kament kiya hai. banarsi lampat ki lampatpana dekhna hai to kai mahila blogaron se poocho.

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  43. @ Anonymous jee ,

    आप लोगों को जो कहना सुनना है ...आपस में कहिये ...
    ब्लॉगर वाणी का रेफरेंस देकर कुछ कहने की आवश्यकता नहीं है ...मैं खुद अपना जवाब देने में सक्षम हूँ ...!

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  44. @मुझे लगता है बात फोकस नहीं हो पा रही है -मुझे भी मेरे कई मित्रों ने कहा कि जनाब महफूज जी शादीशुदा हैं ,उनके ऊपर गोर्ख्पुए में आपराधिक मुकदमा दर्ज है और यह बात किसी ऐरे गैरे ने नहीं बल्कि गोरखपुर के एक आला अधिकारी ने कहा है और जरूरत पड़ने प्रमाण हासिल हो जाएगा -और ऊपर के "पोल" के कमेन्ट और नीचे के अनानीमस कमेन्ट खुद महफूज द्वारा किये लगते हैं -एक बात स्पष्ट है अगर महफूज जी पर ऐसे आरोप हैं जो भारतीय कानून में बड़े दंड के अंतर्गत हैं तो उन्हें स्वयं आकर स्थिति स्पष्ट करनी चहिये -अन्यथा तो वे सदेह के घेरे में आ ही गए हैं -और यहाँ किसी भी ब्लॉगर महिला का नाम उधृत करने की प्रवृत्ति की मैं भर्त्सना करता हूँ -अब इतनी तो आँख की लाज रखनी होगी ...और हमें सार्वजनिक जीवन की शुचिता और मर्यादा का ध्यान रखना होगा -भले ही हमाम में सब नंगे हों -यह सब जो हो भी रहा है वह इसलिए भी कि हमने सार्वजनिक जीवन की कतिपय मर्यादाओं का उल्लंघन किया और नौबत यहाँ तक आ पहुँची -
    -बनारस का वही ब्लॉगर जो अपने सीने में कई राज केवल इसलिए छुपाये है कि उसे सार्वजनिक जीवन की शुचिता का कुछ तो ख़याल है!

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  45. are mishra ji mai bhi Banaras se hee hun bhul jate hain kya ???? ab to soch raha hun ki khol he diya jaye

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  46. @मिथिलेश अब धैर्य रखें ! शुरू आपने किया सम अप मैंने किया है -बस इतना ही समीचीन है -महफूज जी को कुछ कहना होगा तो आपने ब्लॉग पर कह सकेगें -यहाँ बेनामी कमेन्ट करने की जरूरत अब नहीं रही ...वे एक सम्मनित ब्लोगर हैं अपना पक्ष रखेगें ही -कोई अगर अब भी लाशें हमारी गायब करवा देता है तो अच्छा ही है न कफ़न का खर्चा परिवारों पर नहीं आएगा !

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  47. @ mishra ji
    jisme dum nahi hai ...wah bhala samne aakar kaise apni bat kahega ........aur jhoot to itna bolte hai ki jameen aur aasmaan ka pta hi nahi chalta .........phir bhi ab sammanit blogger ki bhi post ka intjaar hai .......ki wakai wo dusri shadi karne ke liye taiyaar hai ........waise islaam ne ye koi nayi baat nahi ..........

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  48. ye sarri baaten ye show karti hain ki Mahfooj Ali aap logo k beech kitne popular hain aur aap sab apni kitni energy waste krte hain unke uper! na na waste word use nhi krna chahiye kyunki vo kahte hain na -- NINDAK NIYRE RAKHIYE AANGAN KUTI CHAYYAYE!!!!

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  49. अपना भंडा फूटते दिखा तो मुल्ला महफूज अली ने फेसबुक में परिवर्तन कर लिया. एक पोस्ट भी लिख मारी. पर जर्मनी के पाठ्यक्रम मे कविता छपने पर बुरके में मुंह छिपा लिया. यह है मुल्लो कि असलीयत

    *बुरा- भला?*

    तथाकथित अंतर्राष्ट्रीय कवि 'महफूज़ अली' की कविता के जर्मनी के
    पाठ्यक्रम में
    शामिल होने की खबर न सिर्फ ब्लोग्स पर देखने को मिली, बल्कि उनके ब्लॉग
    पर
    'दैनिक हिन्दुस्तान' समाचार पत्र में इस आशय का समाचार छपने की तस्वीर
    भी
    है| अखबार से इस समाचार का स्त्रोत पूछा गया है और जवाब अभी प्रतीक्षित
    है और
    शायद प्रतीक्षित ही रहेगा| सम्बंधित जर्मन प्रकाशक से संपर्क करने के
    बाद पता
    चला कि उनके यहाँ ऐसा कुछ नहीं छपा है| प्रकाशक के डिटेल्स इस प्रकार
    हैं -
    STARK mbH & Co.
    Bachstr. 2
    85406 Zolling
    Tel. 0180 3 179000 Fax 0180 3 179001
    Handelsregister München HRA78578
    Geschäftsführer Dr. Detlev Lux
    i...@stark-verlag.de

    अपने फेसबुक प्रोफाईल पर महफूज़ अली खुद को जिस अंतर्राष्ट्रीय संस्था
    का
    चेयरमेन और सी.ई.ओ. बता रहे हैं, उस स्वयंसेवी संस्था में ऐसा कोई पद
    ही
    नहीं है और इस नाम का कोई अन्य अधिकारी भी नहीं है| संस्था का विवरण इस
    प्रकार
    है -
    Jana Parejko
    Mental Health Resource League for Mchenry County (MHRL)
    i...@mhrl.org
    (815) 385-5745
    ये सरासर धोखाधड़ी है, हमारे आपके विश्वास के साथ धोखा, हमारी
    सद्भावनाओं के
    साथ धोखा| जो नहीं है, खुद की उन उपलब्धियों का बखान खुद करना और दूसरों
    को
    धोखे में रखकर औरों से भी अपना महिमामंडन करवाना, कहीं से भी शराफत का
    काम
    नहीं है|
    ब्लोगर्स मीट में, पुरस्कार वितरणों में या किताबें छपने छपवाने में
    हजारों
    रुपये खर्च करने वाले आप लोग सौ-पचास रुपये खर्च करके इन फोन नम्बर्स पर
    संपर्क करके असलियत जान सकते हैं और यदि ये भी मुश्किल है तो ईमेल एड्रेस
    तो
    है ही| मेरी विश्वसनीयता संदिग्ध लगे तो आप महफूज़ अली के ब्लॉग से इन
    प्रकाशक संस्थान और दुसरे संगठन का नाम नोट करके नेट से खुद भी इन
    नम्बर्स और
    आई.डी. की जानकारी ले सकते हैं| ब्लॉग और फेसबुक के इनके प्रोफाईल का
    स्नैप
    शोट सुरक्षित है, क्योंकि इन्हें बदल दिए जाने की पूरी संभावना है| झूठ
    के
    पाँव नहीं होते|
    किसी लोभ में या लिहाज में हम लोग इन बातों को नजर अंदाज करते हैं तो
    ये
    झूठ के प्रचार प्रसार में हमारी सहभागिता है| फैसला आपके हाथ में है,
    आपको
    क्या स्वीकार्य है - छले जाना या सच्चाई को जानना?

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